सूख रही दूध की धार: 21वीं पशुगणना के आंकड़े जारी, कुल पशु बढ़े, पर पांच साल में कम हो गईं 66000 भैसें
हाथरस जिले में हुई 21वीं पशुगणना में चौकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। कुल पशु संख्या में तो वृद्धि हुई हैं, लेकिन मुख्य दुधारू पशु भैंसों की संख्या में 66 हजार की कमी दर्ज की गई है।हाथरस जिले में हुई 21वीं पशुगणना में चौकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। कुल पशु संख्या में तो वृद्धि हुई हैं, लेकिन मुख्य दुधारू पशु भैंसों की संख्या में 66 हजार की कमी दर्ज की गई है।हाथरस जिले में हुई 21वीं पशुगणना में चौकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। कुल पशु संख्या में तो वृद्धि हुई हैं, लेकिन मुख्य दुधारू पशु भैंसों की संख्या में 66 हजार की कमी दर्ज की गई है।हाथरस जिले में हुई 21वीं पशुगणना में चौकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। कुल पशु संख्या में तो वृद्धि हुई हैं, लेकिन मुख्य दुधारू पशु भैंसों की संख्या में 66 हजार की कमी दर्ज की गई है।https://www.amarujala.com/uttar-pradesh/hathras/66000-buffaloes-reduced-in-hathras-in-five-years-2025-12-29https://www.amarujala.com/uttar-pradesh/hathras/66000-buffaloes-reduced-in-hathras-in-five-years-2025-12-292025-12-28T19:31:53.000Z2025-12-28T19:31:53.000Z
Comments
Post a Comment